सेवा संकल्प अभियान के तहत घर-घर पात्र बुजुर्गों की पहचान, पति-पत्नी दोनों पात्र हुए तो परिवार को मिलेंगे ₹3000 प्रतिमाह
देहरादून, 6 अक्टूबर। देहरादून जिला प्रशासन की पहल से जिले के 1611 पात्र बुजुर्गों को वृद्धावस्था पेंशन योजना से जोड़ा गया है। इन लाभार्थियों को नवंबर 2026 से प्रतिमाह 1500 रुपये की वृद्धावस्था पेंशन मिलनी शुरू हो जाएगी।
मुख्यमंत्री के मार्गदर्शन और जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान के निर्देश पर जिले में चलाए जा रहे सेवा संकल्प अभियान के तहत नगर निकायों, तहसीलों, विकासखंडों और ग्राम पंचायत स्तर पर ऐसे बुजुर्गों की पहचान की जा रही है, जो पात्र होने के बावजूद सामाजिक सुरक्षा योजना का लाभ नहीं ले पा रहे थे।
जिला प्रशासन के अनुसार समाज कल्याण विभाग नवंबर के प्रथम सप्ताह में चिन्हित लाभार्थियों के बैंक खातों में पेंशन राशि हस्तांतरित करेगा। यदि परिवार में पति-पत्नी दोनों योजना की पात्रता पूरी करते हैं, तो दोनों को अलग-अलग 1500 रुपये यानी परिवार को कुल 3000 रुपये प्रतिमाह पेंशन मिल सकेगी।
जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने कहा कि वृद्धावस्था में आर्थिक सुरक्षा किसी पात्र व्यक्ति पर उपकार नहीं, बल्कि उसका अधिकार है। प्रशासन की प्राथमिकता है कि सरकार की योजना प्रत्येक पात्र व्यक्ति तक पहुंचे और कोई भी बुजुर्ग सामाजिक सुरक्षा से वंचित न रहे।
अधिकारियों को क्षेत्र भ्रमण और सर्वे के दौरान पात्र बुजुर्गों की पहचान करने के साथ आवेदन प्रक्रिया में सहयोग करने तथा आवेदनों को अनावश्यक रूप से लंबित न रखने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रशासन के मुताबिक सितंबर में 708 पात्र वृद्धजनों की पहचान की गई, जबकि जुलाई से सितंबर तक कुल 1611 बुजुर्गों को योजना से जोड़ा जा चुका है। अभियान अभी जारी है।
पात्र बुजुर्ग स्वयं या परिजनों की मदद से नजदीकी CSC सेंटर के माध्यम से समाज कल्याण विभाग के सामाजिक सुरक्षा राज्य पोर्टल (SSP Uttarakhand) पर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।










