मुख्यमंत्री ने प्रदर्शनी का किया अवलोकन, कालीन उद्योग से जुड़े निर्यातकों और उद्यमियों से संवाद; स्थानीय उत्पादों को वैश्विक बाजार से जोड़ने पर जोर
भदोही, 4 अक्टूबर। उत्तर प्रदेश के भदोही में कालीन उद्योग और भारतीय कारीगरों की कला को वैश्विक बाजार से जोड़ने के उद्देश्य से आयोजित ‘50th India Carpet Expo’ का शुभारंभ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम स्थल पर लगाई गई प्रदर्शनी का अवलोकन किया और कालीन उद्योग से जुड़े निर्यातकों, विक्रेताओं एवं प्रमुख उद्यमियों से संवाद किया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रदेश में पारंपरिक हुनर और स्थानीय उत्पादों को आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर तथा बड़े बाजार से जोड़ने की दिशा में काम किया गया है। उन्होंने कहा, “हमने हुनर को इंफ्रास्ट्रक्चर से, कारीगर को कौशल से, उद्यमी को बाजार से और स्थानीय उत्पाद को वैश्विक मांग से जोड़ा है।”

भदोही का कालीन उद्योग देश के प्रमुख हस्तशिल्प एवं निर्यात क्षेत्रों में शामिल है। India Carpet Expo भारतीय हस्तनिर्मित कालीन, रग्स और फ्लोर कवरिंग उत्पादों को अंतरराष्ट्रीय खरीदारों के सामने प्रस्तुत करने का मंच प्रदान करता है। Expo के माध्यम से भारतीय निर्माताओं और निर्यातकों को वैश्विक बाजार से सीधे जुड़ने का अवसर मिलता है।
मुख्यमंत्री ने प्रदर्शनी में लगाए गए विभिन्न स्टॉलों पर कालीन उत्पादों और उनके निर्माण से संबंधित कार्यों की जानकारी भी ली। उन्होंने उद्योग से जुड़े प्रतिनिधियों से बातचीत करते हुए कारीगरों के कौशल, उत्पादों की गुणवत्ता और बाजार की संभावनाओं पर चर्चा की।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का प्रयास स्थानीय कारीगरों के पारंपरिक कौशल को संरक्षित करने के साथ उसे बदलती बाजार आवश्यकताओं के अनुरूप अवसर उपलब्ध कराना है। इसके जरिए स्थानीय स्तर पर रोजगार और उद्यमिता को बढ़ावा देने के साथ भारतीय हस्तशिल्प उत्पादों की अंतरराष्ट्रीय पहुंच बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है।
50th India Carpet Expo के आयोजन से भदोही के कालीन उद्योग को देश-विदेश के खरीदारों, निर्यातकों और कारोबारियों के सामने अपने उत्पाद प्रदर्शित करने का अवसर मिला है। आयोजकों के अनुसार Expo भारतीय कालीन उद्योग और वैश्विक खरीदारों के बीच कारोबारी संपर्क को बढ़ाने के लिए एक महत्वपूर्ण B2B मंच है।











